History

इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi

इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi
इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi

इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi

इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi: Hello Friends आज हम आप सभी के लिए प्रतियोगी परीक्षाओं से सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारी share कर रहे हैं यह जानकारी “इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi से सम्बंधित जानकारी है| जो छात्र इस सब्जेक्ट से सम्बंधित विभिन्न प्रकार के प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी  कर  रहे हैं उन सभी के लिए आज का हमारा यह post बहुत ही Helpful साबित होगा| आप सभी की जानकारी की लिए हम बता दें की इल्तुत्मिश का इतिहास | Iltutmish History PDF Download in Hindi से सम्बंधित परीक्षाओं में प्रश्न पूछे जाते हैं| आप सभी को हम यह PDF Notes Download करने का Link नीचे दे रहा हूँ आप आसानी के साथ download कर सकते हैं|

भारत के वायसराय की सूची एवं उनके कार्य PDF Download in Hindi

बंगाल के गवर्नर जनरल Governor General of Bengal PDF

शम्सुद्दीन इल्तुतमिश (1210-1236 ई.)

  • इल्तुतमिश का अर्थ साम्राज्य का स्वामी है। इल्तुतमिश या अलमश इल्बरी तुर्क था। उसका पिता ईलाम खां इल्बरी जनजाति का सरदार था। इल्तुतमिश शम्शी वंश का था इसलिए नये वंश का नाम शम्शी वंश पड़ा।
  • कुतुबुद्दीन ऐबक ने इल्तुतमिश को खरीदने की इच्छा प्रकट की तो सुल्तान ने दासों के व्यापारी को आज्ञा दी कि वह इल्तुतमिश को दिल्ली ले जाए। दिल्ली मे ही कुतुबुद्दीन ऐबक ने उसे अपने दास के रूप में खरीदा।
  • दिल्ली में इल्तुतमिश शीर्घ ही कुतुबुद्दीन ऐबक का विश्वासपात्र बन गया। उसे
    सरजानदार (शाही अंगरक्षकों को सरदार) नियुक्त किया गया। इल्तुतमिश की प्रशासनिक क्षमता से प्रभावित हो कर कुतुबुद्दीन ने उसे अन्य प्रशासनिक पद भी
    सौपें। उसे अमीर-ए-शिकार का पद दिया गया।
  • 1205 ई. में इल्तुतमिश को ऐबक ने दासता से मुक्त कर दिया। इसके बाद उसे बदायूं का प्रशासक नियुक्त किया गया। ऐबक ने अपनी एक पुत्री का विवाह भी उसके साथ कर दिया।
  • भारत में तुर्की शासन का वास्तविक संस्थापक इल्तुतमिश ही था। भारत में मुस्लिम प्रभुसत्ता का वास्तविक शुभारंभ इल्तुतमिश से ही होता है।
  • इसने कुतुबमीनार को बनवाकर पूरा किया और राज्य को सुदृढ़ व स्थिर बनाया।
  • इल्तुतमिश ने इक्ता व्यवस्था शुरू की थी। इसके अंतर्गत सभी सैनिकों व गैर-सैनिक अधिकारियों को नकद वेतन के बदले भूमि प्रदान की जाती थी। इक्ता एक अरबी शब्द है जिसका अर्थ भूमि है।
  • यह भूमि ‘इक्ता तथा इसे लेने वाले इक्तादार कहलाते थे।
  • इल्तुतमिश ने चाँदी के टका’ तथा ताँबे के जीतल का प्रचलन किया एवं दिल्ली में टकसाल स्थापित किये थे। टको पर टकसाल का नाम लिखने की परंपरा भारत में प्रचलित करने का श्रेय इल्तुतमिश को जाता है। सिक्कों पर शिव की नंदी व चौहान घुड़सवार अंकित होते थे।
  • वह दिल्ली का प्रथम शासक था जिसने सुल्तान उपाधि धारण कर स्वतन्त्र सल्तनत (18 फरवरी, 1229 ई.) को स्थापित किया।
  • उसने बगदाद के खलीफा (अल मुंत सिर बिल्लाह) से मान्यता प्राप्त की और ऐसा करने वाला वह प्रथम मुस्लिम शासक बना।
  • उसने 40 योग्य तुर्क सरदारों के एक दल चालीसा (चहलगानी) का गठन किया जिसने इल्तुतमिश की सफलताओं में अपना महत्त्वपूर्ण योगदान दिया।
  • 1221 ई. में चंगेज खाँ के नेतृत्व में मंगोल सेना, ख्वारिज्म के राजकुमार जलालुद्दीन मंगबारानी का पीछा करते हुए दिल्ली की सीमा तक आ पहुंची थी।
    लेकिन इल्तुतमिश ने मंगबारानी को शरण देने से मना करके चतुराईपूर्वक दिल्ली
    को मंगोलों के आक्रमण से बचा लिया।
  • इल्तुतमिश को भारत में गुम्बद निर्माण का पिता कहा जाता है। उसने सुल्तानगढ़ी मकबरा अपने पुत्र नासिरूद्दीन महमूद की कब्र पर निर्मित करवाया। यह भारत का प्रथम मकबरा था, इसको स्थापित करने का श्रेय इल्तुतमिश को जाता है। मुहम्मद गोरी के नाम पर मदरसा-ए-मुइज्जी दिल्ली में बनवाया।
  • उज्जैन का महाकाल मंदिर को ध्वस्त किया। दिल्ली को राजधानी बनाने वाला प्रथम सुल्तान इल्तुतमिश ही था। 30 अप्रैल, 1236 ई. को इसकी मृत्यु हो गयी। इसके शासनकाल में न्याय चाहने वाला व्यक्ति लाल वस्त्र धारण करता था।

Download

कुतुबुद्दीन ऐबक Qutubuddin Aibak

प्रमुख जनजातीय विद्रोह

द्वितीय विश्व युद्ध क्यों हुआ था, इसके कारण व परिणामप्र

थम विश्व युद्ध के कारण,परिणाम,युद्ध का प्रभाव,प्रथम विश्व युद्ध और भारत

पुनर्जागरण का अर्थ और पुनर्जागरण के कारण

1917 की रूसी क्रांति

अमेरिकी क्रांति के कारण

पुनर्जागरण काल प्रश्नोत्तरी

दोस्तों Currentshub.com के माध्यम से आप सभी प्रतियोगी छात्र नित्य दिन Current Affairs Magazine, GK/GS Study Material और नए Sarkari Naukri की Syllabus की जानकारी आप इस Website से प्राप्त कर सकते है. आप सभी छात्रों से हमारी गुजारिश है की आप Daily Visit करे ताकि आप अपने आगामी Sarkari Exam की तैयारी और सरल तरीके से कर सके.

दोस्तों अगर आपको किसी भी प्रकार का सवाल है या ebook की आपको आवश्यकता है तो आप निचे comment कर सकते है. आपको किसी परीक्षा की जानकारी चाहिए या किसी भी प्रकार का हेल्प चाहिए तो आप comment कर सकते है. हमारा post अगर आपको पसंद आया हो तो अपने दोस्तों के साथ share करे और उनकी सहायता करे.

You May Also Like This

अगर आप इसको शेयर करना चाहते हैं |आप इसे Facebook, WhatsApp पर शेयर कर सकते हैं | दोस्तों आपको हम 100 % सिलेक्शन की जानकारी प्रतिदिन देते रहेंगे | और नौकरी से जुड़ी विभिन्न परीक्षाओं की नोट्स प्रोवाइड कराते रहेंगे |

Disclaimer: currentshub.com केवल शिक्षा के उद्देश्य और शिक्षा क्षेत्र के लिए बनाई गयी है ,तथा इस पर Books/Notes/PDF/and All Material का मालिक नही है, न ही बनाया न ही स्कैन किया है |हम सिर्फ Internet पर पहले से उपलब्ध Link और Material provide करते है| यदि किसी भी तरह यह कानून का उल्लंघन करता है या कोई समस्या है तो Please हमे Mail करे- [email protected]

Leave a Comment